कलेक्ट्रेट में लगे नगरपालिका मुर्दाबाद और जिला प्रशासन हाय-हाय के नारे

रामकुमार ओझा
अशोकनगर
कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं द्वारा हाल ही में नगर पालिका द्वारा जलकर एवं संपत्ति कर वृद्धि के विरोध में जिलाधीश महोदय को ज्ञापन सौंपा
ज्ञापन में बताया कि नगरीय निकाय को भारतीय संविधान में लोकतंत्र के तीसरे पायदान के रूप में संवैधानिक दर्जा दिया गया है किसी भी अधिकारी य प्रशासन द्वारा नगर पालिका परिषद की गैरमौजूदगी में लिया गया हर वो आर्थिक अथवा नीतिगत निर्णय असंवैधानिक है जो कि आम जनता की रोजमर्रा की जिंदगी पर प्रभाव डालता है वर्तमान में नगर पालिका परिषद को भंग हुए लगभग 1 वर्ष हो गया है अतः नगर पालिका कोई भी बड़ा नीतिगत निर्णय न ले ज्ञापन में जलकर वृद्धि के अलावा रेस्ट हाउस और पुरानी अदालत पर भी कोई भी निर्णय न लेने का निवेदन किया अन्यथा की स्थिति में कांग्रेस ने धरना प्रदर्शन का जन आंदोलन की चेतावनी दी जिसके लिए प्रशासन जिम्मेदार होगा
कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने नगरपालिका और जिला प्रशासन के विरोध में जमकर नारेबाजी की कलेक्टर महोदय ज्ञापन लेने नहीं आए तो शहर अध्यक्ष नितेश जैन ने उन्हें इस सब के पीछे जिम्मेदार ठहराया क्योंकि नगर पालिका परिषद की अनुपस्थिति में ऐसे विशेष मुद्दे पर संविधान की रक्षा की सारी जिम्मेदारी उन्हीं की है कांग्रेस ने आरोप लगाया कि आम जनता महंगाई की मार से त्राहि त्राहि कर रही है और प्रशासन कोरोना की आड़ में आम जनता की कोई सुनवाई नहीं कर रहा है नगर पालिका द्वारा पहले ही मात्रा 15 दिन में जल प्रदाय किया जाता है और वह भी कई बार पीने योग्य नहीं होता ऐसी स्थिति में जलकर को सीधा दोगुना करना आम जन विरोधी निर्णय है ज्ञापन में कांग्रेस पार्टी के ब्लॉक अध्यक्ष कार्यकारिणी जिला अध्यक्ष और अन्य सभी पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे


