4 दिन और 4 ऐतिहासिक रिकॉर्ड… महाकुंभ में बनने जा रहा ये कीर्तिमान

प्रयागराज महाकुंभ 2025 में इस बार चार बड़े गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स बनने जा रहे हैं, जिनका उद्देश्य स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और समाज सेवा का संदेश फैलाना है। इस बार गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की टीम भी मौके पर मौजूद रहेगी, जो इन रिकॉर्ड्स को मान्यता प्रदान करेगी। मेला प्रशासन ने इन रिकॉर्ड्स को सफलतापूर्वक बनाने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं।
पहला रिकॉर्ड – 14 फरवरी: गंगा तट की सफाई
14 फरवरी को 15 हजार सफाईकर्मी संगम क्षेत्र में 10 किलोमीटर लंबी गंगा तट की सफाई करेंगे। यह रिकॉर्ड 2019 के महाकुंभ में बने 10 हजार सफाईकर्मियों के सफाई रिकॉर्ड को तोड़ने के लिए होगा।
दूसरा रिकॉर्ड – 15 फरवरी: नदी की सफाई
15 फरवरी को 300 सफाईकर्मी गंगा और यमुना नदी के किनारे सफाई अभियान चलाएंगे। इस अभियान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना होगा कि नदी के किनारे और जलधारा पूरी तरह से स्वच्छ रहें और पर्यावरण की सुरक्षा का संदेश फैलाया जा सके।
तीसरा रिकॉर्ड – 16 फरवरी: ई-रिक्शा परेड
16 फरवरी को त्रिवेणी मार्ग पर 1000 ई-रिक्शा की सबसे लंबी परेड आयोजित की जाएगी। यह रिकॉर्ड महाकुंभ को प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देगा।
चौथा रिकॉर्ड – 17 फरवरी: हैंडप्रिंट्स संग्रह
17 फरवरी को महाकुंभ में 10 हजार लोगों के हाथों के छाप (हैंडप्रिंट्स) एकत्र किए जाएंगे। यह रिकॉर्ड स्वच्छता और पर्यावरण के प्रति जागरूकता फैलाने का एक अनोखा तरीका होगा।
गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की टीम की निगरानी
इन चारों रिकॉर्ड्स के दौरान गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की टीम उपस्थित रहेगी और वह इन रिकॉर्ड्स को सही तरीके से पूरा करने के बाद मान्यता प्रदान करेगी।
महाकुंभ के ऐतिहासिक रिकॉर्ड्स
महाकुंभ 2025 इन नए रिकॉर्ड्स के साथ एक और ऐतिहासिक मील का पत्थर साबित होगा। पहले से ही दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक और आध्यात्मिक आयोजन माना जाता है, इस महाकुंभ के दौरान नए कीर्तिमान स्थापित होंगे।
पुराने रिकॉर्ड्स को तोड़कर नए कीर्तिमान
महाकुंभ 2019 में भी तीन बड़े रिकॉर्ड बनाए गए थे, जिनमें सबसे बड़ी सफाई व्यवस्था, सबसे बड़ी यातायात व्यवस्था, और 7500 लोगों के हैंडप्रिंट्स का रिकॉर्ड शामिल था। अब महाकुंभ 2025 में इन पुराने रिकॉर्ड्स को तोड़ते हुए नए कीर्तिमान स्थापित किए जाएंगे।



