मध्य प्रदेश कांग्रेस में बड़े बदलाव की तैयारी, कई जिलों में अध्यक्षों की होगी छुट्टी

मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी जल्द ही कई जिलों के अध्यक्षों में बदलाव कर सकती है। इसमें वे जिला अध्यक्ष भी शामिल हैं जिनका कार्यकाल समाप्त हो चुका है। नए प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और अन्य वरिष्ठ नेता इस बदलाव को लेकर लगातार मंथन कर रहे हैं।
कई जिला अध्यक्षों की रवानगी तय
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता मुकेश नायक के अनुसार, कांग्रेस के नियमों के तहत जिला और शहर अध्यक्ष का कार्यकाल तीन वर्षों का होता है। प्रदेश के कई जिलों में अध्यक्षों का कार्यकाल समाप्त हो चुका है, जिसके चलते बदलाव की प्रक्रिया तय मानी जा रही है। इसके अलावा, कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व द्वारा अध्यक्षों की कार्यशैली की भी समीक्षा की जा रही है।
निष्क्रिय और उम्रदराज अध्यक्षों को हटाने की तैयारी
सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस कमेटी उन जिला और शहर अध्यक्षों को हटाने की तैयारी में है जो लंबे समय से निष्क्रिय हैं या पार्टी द्वारा सौंपे गए कार्यों में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। इसके अलावा, लंबे समय से पद पर बने नेताओं और उम्रदराज नेताओं की सूची भी तैयार की जा रही है, जिनकी जगह नई और सक्रिय नेतृत्व टीम लाई जा सकती है।
आंदोलन के बाद होगा बदलाव
सूत्रों का कहना है कि यह बदलाव केंद्र सरकार के मंत्री प्रह्लाद पटेल के एक बयान के खिलाफ कांग्रेस द्वारा तय किए गए आंदोलन के बाद किया जा सकता है। पार्टी नेतृत्व की नजर इन आंदोलनों में शहर और जिला अध्यक्षों की भूमिका पर भी रहेगी, जिससे यह तय किया जाएगा कि किसे हटाना है और किसे बनाए रखना है।
कांग्रेस नेतृत्व की कड़ी नजर
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के अनुसार, नए प्रभारी की नियुक्ति के बाद संगठन के सभी पदाधिकारियों के कार्यों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। हालांकि बदलाव की प्रक्रिया कब पूरी होगी और सूची कब जारी होगी, इस पर अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।


