ताजा ख़बरेंदेशब्रेकिंग न्यूज़मध्यप्रदेश

उमरिया -बाल विकास व महिला अपराध की रोकथाम के लिए जागरूकता आवश्यक

बाल विकास व महिला अपराध की रोकथाम के लिए जागरूकता आवश्यक

प्रवीण चन्द्रवंशी की रिपोर्ट

बाल विकास व महिला अपराध की रोकथाम के लिए जागरूकता आवश्यक

उमरिया – आजादी के अमृत महोत्सव के अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पिनौरा,महुरा के संयुक्त तत्वधान के अंतर्गत जिला विधिक प्राधिकरण द्धारा शिविर का आयोजन किया गया। वरिष्ठ नागरिकों के प्रति सेवा योजनाओं के संबंध में प्रधान जिला न्यायाधीश व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अध्यक्ष सनत कुमार कश्यप, अपर जिला न्यायाधीश व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव राजेश तिवारी के मार्गदर्शन में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें जागरूकता शिविर हेतु बाल अपराध महिला अपराध नागरिक अधिकार, एवं कर्तव्य के साथ पुलिस की भूमिका , बाल विवाह प्रतिषेध ,भारत का संविधान, मूल कर्तव्य, शिक्षा का अधिकार, पास्को एक्ट की जानकारी खालिदा तनवीर व्यवहार न्यायाधीश, एडीपीओ जतिन तिवारी के द्धारा दी गई जिसमें स्कूल के सभी बच्चे और सभी सदस्यों सहित ग्राम वासी अगवत हुए। कार्यक्रम का संचालन पैरा लीगल वालंटियर हिमांशु तिवारी द्धारा किया गया । व्यवहार न्यायाधीश खालिदा तनवीर ने बच्चों के भी मूलभूत अधिकार की जानकारी देते हुए कहा कि संविधान में बच्चों को भी मूलभूत अधिकार प्राप्त है जिसमें जीने का अधिकार, विकास का अधिकार, संरक्षण का अधिकार और समाज में भागीदारी का अधिकार शामिल है उन्हें संविधान में निहित देश के अंदर कई तरह के अधिकार प्राप्त हैं। बाल अपराध और महिला अपराध का हमारे समाज में बढ़ता ग्राफ चिंता का विषय है इसकी रोकथाम के लिए ग्रामीण महिलाओं एवं बच्चों को जागरूक करने का कार्य जिला विधिक प्राधिकरण के तत्वाधान में किया गया है। इस तरह के कार्यक्रम मील का पत्थर साबित होगे। इस अवसर पर पैरा लीगल वालंटियर हिमांशु तिवारी ,ऋषभ त्रिपाठी, पारस सिंह, महेंद्र तिवारी, विद्यालय शिक्षक मूरत ध्वज सिंह, शिक्षिका रश्मि मिश्रा, अखिलेश मिश्रा, एके निगम, ममता सिंह एवं सभी विद्यार्थी एवं ग्रामीण वासी उपस्थित रहे।

Related Articles

Back to top button
Close
Close